Neelakantha Bhanu Prakash |तेज मानव कैलकुलेटर

घटना या दुर्घटना

भगवान जो करता है अच्छे के लिए करता है, ऐसा आपने बहुत बार सुना और शायद कहा भी होगा,
लेकिन क्या आपने सोचा है की कुदरत जिसे कुछ लोग भगवान,तो कुछ लोग अल्लाह या जीसस के नाम से जानते है, क्यों कुछ ghatnaye घटित होने देता है उसके बनाये हुए मानव जाती के sath.???

इसका उत्तर न तो आपके पास है और नहीं ही किसी साइंटिस्ट के पास , लेकिन किसी को दुनिया मैं प्रसिद्धि मिलती है तो इस बारे में सवाल मन में aane लगते हैं की, आखिर क्या है जो हम समझ नहीं pate, आज मैं इस टॉपिक पर इसलिए बात करने rahe hain kyoki , कैसे एक दुर्घटना किसी के जीवन को प्रसिद्धि की और लेके ja sakti है,

मकसद

एक ऐसी घटना जिसने एक इंसान को गणित ki दुनिया का सबसे तेज मानव कैलकुलेटर बना दिया,
आपने सही समझा , आज हम बात करने वाले हैं, गडीतज्ञा (Mathematician ) Mr. नीलकंठ भानु प्रकाश Age 20 Years , जिन्होंने जीता है ये ख़िताब।
ये ख़िताब जितने के पहले उन्होंने जीता था सबसे पहला गोल्ड मैडल भारत के लिए Mental calculation world Championship इन MSO लंदन।
शकुंतला देवी का नाम तो सुना ही होगा हम सभी ने , कहानी उन्होंने ने ही शुरू की थी और उसी कहानी को आगे बढ़ाते हुए हमारे भारत के Mr. नीलकंठ भानु प्रकाश ने एक और उपलब्धि हासिल करके Duniya me भारत का नाम रौशन किया है.

कुदरत की चाहत

सबसे पहले आईये आपको Neelakantha Bhanu Prakash  ji ke साथ हुई उस घटना के बारे में बता दे,जब वह सिर्फ पांच वर्ष के थे तब ही उन्हें Math से बहुत लगाव था, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था और उनका एक accident हो गया जिसके बाद डॉक्टर ने उनका चलना फिरना बंद कर दिया वो बीएड से उठ भी नहीं सकते थे. और ये सिलसिला चला कई सालो तक।

कैसे मिली प्रसिद्धि

लेकिन नीलकंठ भानु प्रकाश के माता पिता ने हार नहीं mani और उनको भरोसा था की ज़िन्दगी में उनका Beta बहुत कुछ आगे कर पायेगा और उनकी शारीरिक तकलीफ भी दूर होगी. ये थे हमारे धरती के Bhagwan जो अगर than ले की उनकी संतान कुछ कर सकता है तो Unko रोक नहीं sakta. और उनके माता पिता ने उनको puzzle और गणित के sath sath Mental activity se sambandhit practice करने के लिए प्रेरित करने लगे.

साइंस क्या कहता hai?

wahi डॉक्टर्स इस आपाधापी में थे की Mr. नीलकंठ को कैसे ठीक करें, लेकिन कुदरत को कुछ और ही मंज़ूर था , Mr. नीलकंठ जी ने वर्ल्ड रिकॉर्ड तोडा जिस प्रतियोगिता का आयोजन Scot Flanshburg ने किया था जिसमे Neelakantha Bhanu Prakash  जी बने दुनिया के सबसे तेज मानव कैलकुलेटर।

आखिरी बॉल पर 6

Mr. नीलकंठ जी यही नहीं रुकने वाले hain , उन्होंने ने सोचा है की वो पुरे देश में Math लैब की स्थापना करेंगे और हम ये कामना करते हैं की Mr. नीलकंठ जी अपने इरादों में जरूर Kamyab hon

Covid-19 के वजह से ये प्रतियोगिता जिसको ओलंपियाड के नाम से जाना जाता है ka आयोजन इस बार ऑनलाइन किया गया था, जिसमें लगभग ३० लोगो ने भाग लिया था, और प्रतियोगियों की उम्र ५७ साल तक की थी जो की १३ अलग अलग देशों से जैसे यूके, फ्रांस, जर्मनी, हिस्सा lene aaye हुए थे।

आपको ये जान कर खुशी होगी की अपने नीलकंठ ji की ६५ अंको से बढ़त बनाकर इस प्रतियोगिता को अपने नाम कर लिया और जीत लिया गोल्ड मेडल🏅 भारत के लिए।

नीकंठ ji, शकुंतला देवी को अपना आइडल मानते हैं और ये हैदराबाद शहर में रहते है। नीलकंठ जी को इस उपलब्धि के लिए बहुत sari शुभ कामनाएं।

तो देखा दोस्तों, कैसे एक दुर्घटना ने Mr. नीलकंठ भानु प्रकाश का जीवन पलट के रख दिया, इस लिए कुदरत के हर फैसले को सहर्ष स्वीकार करना चाहिए.

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